
अपर जिला सेशन न्यायाधीश राजगढ- प्रथम ने दिया निर्णय
सादुलपुर (सच कहूँ/ओमप्रकाश)। Sadulpur News: अफीम की तस्करी करने के चार वर्ष पुराने मामले में अपर जिला सेशन न्यायाधीश राजगढ-प्रथम ने एक आरोपी को दोषी मानकर सात साल कठोर कारावास की सजा से दंडित किया है। प्रकरण अनुसार 25 सितंबर 2020 को सिद्धमुख के तत्कालीन थाना अधिकारी कृष्ण बलौदा को डीएसटी टीम के हेड कांस्टेबल प्रवीण ने टेलीफोन से सूचना दी कि एक व्यक्ति सादलपुर से बस में सवार होकर सिद्धमुख में एक होटल के पास उतरा है, जिसके पास अफीम होने की पुख्ता सूचना है। Sadulpur News
सूचना मिलते ही थाना अधिकारी कृष्ण बलौदा पुलिस दल के साथ रवाना होकर होटल के पास पहुंचे तथा टीम के बताए गए हुलिए के अनुसार होटल के पास एक व्यक्ति खड़ा दिखाई दिया। जिसके हाथ में एक प्लास्टिक की थैली थी। पुलिस ने आरोपी के नजदीक पहुंचकर उसका नाम पता पूछा तो अपना नाम भीमराज पुत्र मदनलाल मेघवाल उम्र 30 साल निवासी डोबी पुलिस थाना भादरा जिला हनुमानगढ़ होना बताया तथा हाथ में रखी थैली के बारे में पूछताछ की तो वह घबरा गया और संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। जिस पर पुलिस ने भीमराज के हाथ में ले रखी थैली को चेक किया तो थैली के बाहर साफा बांध रखा था, जिसके अंदर एक प्लास्टिक थैली थी, तथा ऊपर से चपड़ी से बंद कर रखा था। थैली को खोलकर देखा तो थैली के अंदर काले रंग का तरल पदार्थ भरा हुआ था, जिसको सूंघकर चेक किया तो अफीम होना पाया गया। Sadulpur News
पुलिस ने आरोपी से अफीम को अपने पास रखने बाबत लाइसेंस या परमिट आदि के बारे में पूछा तो उसके पास नहीं होना बताया। जिस पर पुलिस ने अफीम को कब्जे में लेकर वजन किया तो 600 ग्राम अफीम पाई गई। पुलिस ने आरोपी को एनडीपीएस एक्ट अंतर्गत गिरफ्तार कर मामला दर्ज किया तथा प्रकरण अनुसंधान कर चालान न्यायालय में पेश कर दिया। मामले में विद्वान न्यायाधीश दीपक पराशर ने पत्रावलियों पर आए साक्ष्य, गवाहों और सबूतों का गहन अवलोकन कर आरोपी को दोषी माना तथा सात साल कठोर कारावास और पचास हजार रुपए के अर्थ दंड तथा अदम अदायगी अतिरिक्त एक साल के साधारण कारावास की सजा से दंडित किया है। मामले में सरकार की ओर से पैरवी राकेश कुमार सांगवान अपर लोक अभियोजक राजगढ-प्रथम ने की। Sadulpur News