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Wednesday, January 21, 2026
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    फाइनेंसर हत्याकांड : पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर उठे गंभीर सवाल

    Financier massacre

    परिजनों ने शव रखकर रोहतक-भिवानी राजमार्ग रोका

    • गाँव सुंडाणा में सड़क के बीचोंबीच बैठे ग्रामीण

    • नौ दिन पहले पैसो के लेन देन के चलते फाइनेंसर जगबीर को मारी थी आठ गोलियां

    रोहतक (सच कहूँ न्यूज)। फाइनेंसर हत्याकांड में परिजनों ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए शव को सड़क के बीचोंबीच रखकर रोहतक-भिवानी राजमार्ग पर जाम लगा दिया। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने इस मामले में आरोपियों के साथ मिलीभगत करके कोई कारवाई नहीं की है। परिजन ग्रामीणों के साथ शव को लेकर सात घंटे तक रोहतक-भिवानी मार्ग पर डटे रहे। इस दौरान सड़क के दोनों और वाहनों की लम्बी-लम्बी लाइनें लग गई। बाद में सूचना मिलने पर डीएसपी व तहसीलदार मौके पर पहुंचे, लेकिन ग्रामीणों ने जाम खोलने से इंकार कर दिया। ग्रामीणों का कहना था कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती और लापरवाह पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, वे जाम नहीं हटाएंगे।

    • बाद में डीसी व एसपी मौके पर पहुंचे और परिजनों से बातचीत की।
    • अधिकारियों ने परिजनों को आश्वासन दिया कि जल्द से जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
    • इसके बाद परिजन जाम खोलने को तैयार हुए। परिजनों का कहना था
    • कि प्रशासन के अधिकारियों द्वारा दिए गए समय पर आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया तो वे दोबारा से जाम लगा देगे।

    वीरवार सुबह पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करा परिजनों को सौंप दिया

    दरअसल 26 नवंबर को गाँव सुंडाणा निवासी फाइनेंसर जगबीर को गाँव के ही कुछ युवकों ने पैसों के लेन-देन के चलते 8 गोली मारी थी। जगबीर पीजीआई में उपचाराधीन था और देर रात उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। वीरवार सुबह पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करा परिजनों को सौंप दिया। परिजन शव लेकर गांव पहुंचे और रोहतक-भिवानी मार्ग पर शव को सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने आरोपियों के साथ मिलीभगत कोई कार्रवाई नहीं की है, जबकि आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं।

      इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है

    •  बाकी आरोपी फरार हैं। जाम की सूचना मिलने पर कलानौर पुलिस मौके पर पहुंची
    •  ग्रामीणों ने जाम खोलने से मना कर दिया।
    • इस बीच डीएसपी व तहसीलदार भी मौके पर पहुंचे। लेकिन परिजन नहीं माने।

    सात घंटे तक परिजन सड़क पर ही डटे रहे। शाम को डीसी व एसपी मौके पर पहुंचे और परिजनों से बातचीत की। परिजनों का कहना है कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो जाती है, वे जाम नहीं हटाएंगे। पुलिस अधिकारियों ने परिजनों को आश्वासन दिया कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इसके बाद परिजन जाम खोलने पर तैयार हुए।

     

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