किसान फसल को उजाड़े नहीं, गरीबों को बांटे अनाज : नांदल

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किसान का काम देश के लोगों का पेट भरना, सरकार को न बेचें अनाज

तीन कृषि कानून वापिस व एमएसएपी पर कानून नहीं बनने तक आंदोलन रहेगा जारी

रोहतक (सच कहूँ न्यूज)। केन्द्र सरकार द्वारा तीन कृषि कानूनों के विरोध में अब किसानों ने खेतों में खड़ी फसल को नष्ट करना शुरू कर दिया है। प्रदेश में कई स्थानों पर किसानों ने खड़ी फसल को तबाह किया है। भारतीय किसान यूनियन अंबावता के प्रदेश अध्यक्ष अनिल नांदल उर्फ बल्लू प्रधान ने किसानों से अपील की है कि वे अपनी खड़ी फसल को नष्ट ना करे, बल्कि तैयार करके अपने अपने गांव में गरीबों को फ्री में अनाज दे और सरकार को अनाज बेचना बंद कर दे।

उन्होंने कहा कि किसान का काम देश के लोगों का पेट भरना है, लेकिन बड़े दुर्भाग्य की बात है कि जो किसान खेतों में दिन-रात मेहनत अन्न पैदा कर देश का पेट भरता है, वहीं गत तीन महीने से अपने हकों के लिए सड़कों पर रात गुजारने पर मजबूर है और सरकार आँखें बंद कर किसान की बदहाली का तमाशा दे रही है। अनिल नांदल ने साफ-साफ कहा कि जब तक केन्द्र सरकार तीन काले कानूनों को वापिस नहीं लेती और एमएसएपी पर गारंटी कानून नहीं बनाती है तब तक आंदोलन जारी रहेगा और किसान घर वापसी नहीं करेंगे।

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